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मेरे अपने काम के कैलेंडर से माथा पच्ची करने के बाद मुझे लगा कि औसतन एक महीने में मैं, डेढ़ से दो हज़ार लोगों से मिल रहा हूँ। एक शिक्षक, गीत लेखक, स्क्रिप्ट प्ले लेखक, कार्यकारी प्रोड्यूसर और कवि के रोल में मुझे लगता है कि मैं सबसे पहले Hello कहने वाला और तुरंत ही अलविदा कहने वाला व्यवसायी हूँ।…

"आपके जीवन का सार क्या है? इससे आपने क्या ग्रहण किया? बीबी बताइए ना! अपने जीवन से मिली शिक्षा।" सौ वर्षीया बीबी मुस्कुराते हुए सोचने लगीं। हाथ में हिंदी का अख़बार और बेंत की कुर्सी पर सन जैसे सफ़ेद बालों वाली बीबी सहज ही बोलीं, "जिज्ञासा, जिज्ञासु रहो। बहुत सीखोगे।" सन १९१४ में जन्म लेने वाली बीबी ने जीवन भर…

मैं हमेशा यही सोचता हूँ कि इस संसार को बदलने के लिए विचार आना और उसे निष्पादित करना एक व्यक्ति के बस की बात नहीं है, लेकिन उनका चेहरा मेरे ज़हन में बार -बार उभरता है और मुझे ग़लत सिद्ध करता है। वो सिद्ध करती हैं कि एक अकेला व्यक्ति अपने प्यार, दया और अथक परिश्रम से उस संसार को…

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